टमाटर में पछेती झुलसा (Late Blight): कारण, लक्षण और इलाज: बरसात स्पेशल गाइड
Share
टमाटर में पछेती झुलसा (Late Blight) एक फफूंद जैसा रोग है, जिसे Phytophthora infestans कहते हैं। यह बरसात की नमी और ठंडे मौसम में बहुत तेजी से फैलता है। अगर समय पर इलाज न किया जाए, तो यह 7–10 दिन में पूरी टमाटर की फसल बर्बाद कर सकता है। सबसे पहला और सबसे जरूरी काम है | शुरुआती लक्षण दिखते ही एजोक्सीस्ट्रोबिन (Azoxystrobin) जैसी सिस्टमिक फफूंदनाशक दवा का स्प्रे करना, साथ में खेत की सफाई भी रखना।
पछेती झुलसा को कैसे पहचानें (लक्षण)
- सबसे पहले यह रोग पत्तियों पर दिखता है | पत्ती के किनारे पर पानी से भीगे जैसे, हल्के हरे से भूरे रंग के धब्बे बनते हैं।
- नम सुबह के समय इन धब्बों के नीचे सफेद, रूई जैसी फफूंद दिखाई देती है | यह पछेती झुलसा की सबसे पक्की पहचान है।
- इसके बाद रोग तनों पर पहुँचता है और काले-भूरे धब्बे बनाकर तने को कमजोर कर देता है, जिससे तना टूट भी सकता है।
- हरे फलों पर यह सख्त, चिकने-चमकदार, जैतूनी-भूरे धब्बे बनाता है, जो डंठल की तरफ से शुरू होते हैं। संक्रमित फल जल्दी सड़कर गिर जाते हैं।
- अगर रोग ज्यादा बढ़ जाए, तो पूरा खेत एक हफ्ते में काला पड़कर गिर सकता है।
पछेती झुलसा होने का कारण और अनुकूल मौसम
यह रोग Phytophthora infestans नाम के जीव से होता है, जो असली फफूंद नहीं बल्कि उससे मिलता-जुलता ओओमाइसीट (oomycete) है। इसीलिए इसके लिए अलग स्प्रे रणनीति चाहिए।
यह रोग सबसे तेज तब फैलता है जब:
- तापमान 15–25°C के बीच रहे
- हवा में नमी लगातार 90% से ज्यादा रहे
- लगातार बारिश, कोहरा या घना बादल छाया रहे
- खेत में पानी निकासी ठीक न हो और पानी भरा रहे
- पौधे घने लगे हों और हवा का आना-जाना कम हो
- ऊपर से सिंचाई करने से पत्तियाँ गीली बनी रहें
इसके बीजाणु (spores) हवा और छींटों के पानी से फैलते हैं, इसलिए एक संक्रमित पौधा कुछ दिनों में पूरे खेत को बीमार कर सकता है।
पछेती झुलसा से होने वाला नुकसान
- यह रोग पत्तियों को तेजी से नष्ट करता है, जिससे पौधे की भोजन बनाने की क्षमता कम हो जाती है और फल सही से नहीं भर पाते।
- संक्रमित फल पौधे पर ही या तोड़ने के बाद सड़ जाते हैं और बिकने लायक नहीं रहते।
- अगर बरसात के गीले मौसम में इसे बिना इलाज छोड़ दिया जाए, तो यह दुनिया के सबसे नुकसानदायक टमाटर रोगों में से एक है | इसलिए बाकी रोगों की तुलना में इसमें जल्दी कदम उठाना ज्यादा जरूरी है।
प्रबंधन: टमाटर में पछेती झुलसा को कैसे नियंत्रित करें
खेती के तरीके से बचाव (सबसे पहले यह करें)
- संक्रमित पत्तियाँ, तने और फल तोड़कर खेत से दूर नष्ट करें | इन्हें खेत के पास खाद में न डालें
- ऊपर से सिंचाई (overhead irrigation) से बचें; ड्रिप या नाली सिंचाई अपनाएँ ताकि पत्तियाँ सूखी रहें
- खेत में पानी निकासी सही रखें, पानी जमा न होने दें
- पौधों के बीच सही दूरी रखें और सहारा (staking) दें ताकि हवा का आना-जाना बना रहे
- टमाटर के बाद तुरंत आलू न लगाएँ (या इसके उल्टा) दोनों में यही रोग लगता है
- पत्तियाँ गीली होने पर खेत में काम करने से बचें | इससे बीजाणु हाथों और औजारों से फैलते हैं
जैविक / बचाव उपाय
बरसात शुरू होने से पहले बायो-फफूंदनाशक का प्रयोग रोग का दबाव कम करता है और आगे के केमिकल स्प्रे को असरदार बनाता है। देखें: Bio-Fungicides
केमिकल स्प्रे (दवा) से नियंत्रण
मुख्य स्प्रे एजोक्सीस्ट्रोबिन (Azoxystrobin): पछेती झुलसा एक ओओमाइसीट रोग है, और एजोक्सीस्ट्रोबिन (स्ट्रोबिलुरिन ग्रुप की दवा) की Phytophthora infestans के बीजाणुओं को रोकने में साबित असर है। इसीलिए यह पछेती झुलसा के लिए सबसे पहली दवा है। Krishibhandar TROBIN एजोक्सीस्ट्रोबिन 23% SC सिस्टमिक दवा, पौधे के अंदर फैलती है, बचाव के लिए या पहला लक्षण दिखते ही सबसे अच्छी।
रोटेशन के लिए टेबुकोनाज़ोल (Tebuconazole): बरसात में टमाटर पर अकेले पछेती झुलसा कम, बल्कि इसके साथ अगेती झुलसा (Early Blight - Alternaria solani) और दूसरे फफूंद रोग भी साथ आते हैं। टेबुकोनाज़ोल इन असली फफूंद रोगों पर मजबूत असर करता है, और एजोक्सीस्ट्रोबिन के साथ बदल-बदल कर स्प्रे करने से दवा के प्रति प्रतिरोध (resistance) भी नहीं बनता। Krishikranti Helion फफूंदनाशक – टेबुकोनाज़ोल 38.39% SC Krishikranti Timon टेबुकोनाज़ोल 25.9% EC अगेती झुलसा और मिले-जुले फफूंद रोग के लिए रोटेशन में उपयोग करें।
बदल-बदल कर स्प्रे क्यों जरूरी है: एक ही ग्रुप की दवा बार-बार डालने से रोग में उसके खिलाफ प्रतिरोध बन जाता है। पूरे सीजन में एजोक्सीस्ट्रोबिन (ग्रुप 11) और टेबुकोनाज़ोल (ग्रुप 3) को बदल-बदल कर डालें, एक ही दवा लगातार न दोहराएँ।
| दवा | मात्रा/एकड़ | कब स्प्रे करें | भूमिका |
|---|---|---|---|
|
TROBIN एजोक्सीस्ट्रोबिन 23% SC |
200–250 मिली | बचाव स्प्रे / पहला लक्षण दिखते ही | पछेती झुलसा — मुख्य दवा |
|
Helion टेबुकोनाज़ोल 38.39% SC |
200–250 मिली | TROBIN के 10–12 दिन बाद (रोटेशन) | अगेती झुलसा — रोटेशन |
|
Timon टेबुकोनाज़ोल 25.9% EC |
200–300 मिली | लगातार नमी/बरसात के दौर में | अगेती झुलसा — रोटेशन |
लगातार नमी/बरसात के दौर में बदलकर स्प्रे करें
साफ पानी में घोलकर पूरी पत्ती पर, खासकर पत्ती के नीचे वाले हिस्से पर (जहाँ बीजाणु बनते हैं) अच्छी तरह छिड़काव करें। स्प्रे से पहले लेबल पर दी गई फसल अवस्था और पीएचआई (Pre-Harvest Interval) जरूर पढ़ें।
बचाव और अच्छे तरीके (Best Practices)
- बरसात पीक पर आने से पहले ही बचाव वाला फफूंदनाशक स्प्रे शुरू कर दें लक्षण दिखने का इंतजार न करें।
- पौधों को सहारा (staking/trellising) देकर उगाएँ, ताकि पत्तियाँ सूखी और हवादार रहें।
- जहाँ हो सके ड्रिप सिंचाई अपनाएँ; गीली पत्तियाँ ही पीछे से झुलसा फैलने का सबसे बड़ा कारण हैं।
- लगातार बादल या बारिश के मौसम में रोज खेत का निरीक्षण करें पछेती झुलसा 2–3 दिन में ही दोगुना फैल सकता है।
- ज्यादा नाइट्रोजन खाद से बचें, इससे पत्तियाँ मुलायम और घनी बनती हैं, जो नमी रोककर रोग को बढ़ावा देती हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
टमाटर में पछेती झुलसा (Late Blight) क्या है?
यह Phytophthora infestans नाम के जीव से होने वाला रोग है। इसमें पत्तियों पर पानी-भीगे धब्बे, नीचे सफेद फफूंद और फलों में सड़न होती है। बरसात की नमी में यह तेजी से फैलता है।
पछेती झुलसा के पहले लक्षण क्या हैं?
पत्ती के किनारे पर अनियमित, पानी-भीगे, हल्के हरे से भूरे धब्बे पहला लक्षण हैं। नम सुबह में इनके नीचे सफेद रूई जैसी फफूंद दिखती है।
टमाटर में पछेती झुलसा के लिए सबसे अच्छी दवा कौन सी है?
एजोक्सीस्ट्रोबिन 23% SC सबसे अच्छी दवा है, क्योंकि यह Phytophthora infestans के बीजाणुओं को रोकती है। इसके साथ टेबुकोनाज़ोल वाली दवा को बदल-बदल कर डालने से अगेती झुलसा भी कवर होती है और दवा का असर बना रहता है।
क्या टेबुकोनाज़ोल पछेती झुलसा को रोक सकता है?
टेबुकोनाज़ोल मुख्य रूप से असली फफूंद रोगों जैसे अगेती झुलसा पर मजबूत है, न कि पछेती झुलसा वाले ओओमाइसीट पर। इसे एजोक्सीस्ट्रोबिन के साथ रोटेशन में डालें, अकेले पछेती झुलसा की दवा के तौर पर नहीं।
पछेती झुलसा कितनी तेजी से फैलता है?
लगातार नमी और बादल वाले बरसाती मौसम में यह कुछ ही दिनों में पूरे खेत में फैल सकता है और बिना इलाज के भारी नुकसान कर सकता है।
अगेती झुलसा और पछेती झुलसा में क्या फर्क है?
अगेती झुलसा (Alternaria solani) पुरानी पत्तियों पर गोल घेरे वाले काले धब्बे बनाता है और धीरे फैलता है। पछेती झुलसा (Phytophthora infestans) पानी-भीगे धब्बे और सफेद फफूंद बनाता है और गीले मौसम में बहुत तेज फैलता है। पूरी तुलना यहाँ पढ़ें: Early Blight Control in Tomato Monsoon Spray Schedule
इस्तेमाल किए गए इंटरनल लिंक
- Product: TROBIN Azoxystrobin 23% SC
- Product: Krishikranti Helion Tebuconazole 38.39% SC
- Product: Krishikranti Timon Tebuconazole 25.9% EC
- Collection: Fungicide for Tomato
- Collection: Tomato All Products
- Collection: Bio-Fungicides
- Blog: Early Blight Control in Tomato Monsoon Spray Schedule